Tripura: ग्राउंड रिपेर्टिंग के लिए गईं दो महिला पत्रकारों को गिरफ़्तारी के बाद मिली बेल

by GoNews Desk Nov 15, 2021 • 07:10 PM Views 693

त्रिपुरा हिंसा की ग्राउंड रिपोर्टिंग के लिए गईं दो महिला पत्रकारों को त्रिपुरा पुलिस ने रविवार को हिरासत में ले लिया। पत्रकारों ने आरोप लगाया कि उन्हें बिना एफआईआर कॉपी दिखाए हिरासत में ले लिया गया और पुलिस असम से 100 किलोमीटर दूर बिना एफआईआर कॉपी दिखाए त्रिपुरा ले गई। पत्रकारों में - समृद्धि सकुनिया और स्वर्णा झा - शामिल हैं जिन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस रविवार सुबह उनके होटल में आई और उन्हें "डराया"; उन्होंने कहा कि वे राज्य में हाल की हिंसा की घटनाओं को कवर करने गई हैं।

पत्रकारों पर धारा 153-ए के तहत "धर्म के आधार पर विभिन्न समूहों के बीच दुश्मनी को बढ़ावा देने" और आईपीसी (भारतीय दंड संहिता) की धारा 120 (बी) के तहत "आपराधिक साज़िश का हिस्सा होने" का आरोप लगाया गया है।

त्रिपुरा में कथित झड़पों को लेकर महाराष्ट्र में भारी विरोध के बीच, गृह मंत्रालय ने शनिवार को गोमती ज़िले में एक मस्जिद में तोड़फोड़ के दावों को खारिज कर दिया। हिरासत में ले ली गईं पत्रकार ने अपनी ट्वीट की सीरीज में बताया कि उन्होंने स्थानीय लोगों से एक मस्जिद को हुए नुकसान के बारे में बात की थी। उन्होंने एफआईआर की कॉपी भी ट्विटर पर साझा की। 

बताया जा रहा है कि पुलिस ने दोनों पत्रकारों से "फेक न्यूज़ सर्कुलेशन" मामले में पूछताछ भी की। शनिवार को गृह मंत्रालय ने भाजपा शासित राज्य त्रिपुरा में एक मस्जिद में तोड़फोड़ की ख़बरों को खारिज कर दिया था। कड़े शब्दों में दिए गए एक बयान में कहा गया कि, "ऐसी ख़बरें आई हैं कि त्रिपुरा में गोमती ज़िले के काकराबन इलाके में एक मस्जिद को क्षतिग्रस्त किया गया है। ये ख़बरें फर्जी हैं और तथ्यों को पूरी तरह ग़लत तरीके से पेश किया गया है।"