बिना दोष सिद्ध हुए सज़ा काट रहे हैं भारतीय जेलों के 69 फीसदी क़ैदी

by GoNews Desk Feb 06, 2021 • 05:40 PM Views 585

भारत की जेलों में बंद 69% कैदी विचाराधीन हैं। यानी कि भारत की जेलों में बंद हर 10 में से 7 कैदी अंडर ट्रायल है।अंडर ट्रायल का मतलब है वैसे बंदी जिन्हें अदालत से सजा नहीं मिली है फिर भी जेल में हैं और ट्रायल प्रक्रिया पूरी होने का इंतजार कर रहे हैं। बहुत संभव है कि इनमें से कई कैदी बरी होकर बाहर भी जायें लेकिन धीमी न्यायिक प्रक्रिया और संसाधनों की कमी की वजह से उन्हें अपनी ज़िंदगी जेल में गुज़ारनी पड़ रही है।

यह तथ्य इंडिया जस्टिस रिपोर्ट 2020 के अध्ययन में सामने आया है। टाटा ट्रस्ट ने कुछ अन्य संस्थानों के सहयोग से इंडिया जस्टिस रिपोर्ट 2020 जारी की है। यह रिपोर्ट देश के अलग-अलग राज्यों की न्याय करने की क्षमता का आकलन करती है।

इंडिया जस्टिस रिपोर्ट चार श्रेणियों में सर्वे के आधार पर तैयार की गई है: पुलिस, न्यायपालिका, जेल और कानूनी मदद।