हर 1,000 लोगों पर 300 कैमरों की नज़र; पूरी तरह निगरानी वाला शहर बनने की कगार पर हैदराबाद

by GoNews Desk Nov 11, 2021 • 06:38 PM Views 1203

पिछले कुछ समय से अंतराष्ट्रीय संस्थाएं भारत में नागरिकों की निजता से समझौता करने वाले कुछ नियमों को लेकर चिंता जता रही हैं। भारत सरकार पर आरोप लगते रहे हैं कि वह आधार कार्ड को दूसरे दस्तावेजों को जोड़ कर लोगों की डिजिटल प्राइवेसी में हस्तक्षेप कर रही है।

अब अंतराष्ट्रीय संगठन एमनेस्टी ने चिंता जताई है कि भारतीय शहरों में फेशियल रिकगनीशन तकनीक के माध्यम से लोगों के निजता के अधिकार का उल्लंघन होंने की आशंका है। AMNESTY इंटरनेशनल घुसपैठीय चेहरों की पहचान के लिए लाई गई पहचान तकनीक यानि face recognition technology पर प्रतिबंध लगाने के लिए बैन द स्कैन कैंपेन चला रही है। 

संस्था ने मंगलवार को कैंपेन के तहत एक रिपोर्ट जारी है जिसमें कहा गया है कि देश के तेलंगाना राज्य में कमांड एंड कंट्रोल सेंटर बनाया जा रहा है। यह सेंटर हैदराबाद की बंजारा हिल में बनाया जा रहा है।

इस सीसीसी के माध्यम से 6 लाख कैमरों से एक साथ डाटा इकट्ठा किया जा सकेगा। जबकि आने वाले वक़्त में इस केंद्र की रीच और बढ़ाई जा सकती है।  इन कैमरों का उपयोग आगे हैदराबाद पुलिस भी लोगों की पहचान करने के लिए कर सकती है।