कोलकाता में ट्रांसजेंडर्स के लिए खुला क्लिनिक

by Rumana Alvi Mar 02, 2020 • 08:38 AM Views 3218

महिला-पुरूष की बहस में हम अक्सर समाज में रहने वाले ट्रांसजेंडर को भूल जाते हैं। लेकिन उनको अच्छी सेहत देने के लिए कोलकाता में पहले ट्रांसजेडर्ल क्लीनिक अंतर की शुरुआत हुई हैं। देखिये ये खास रिपोर्ट


ये है विजोया दास जो ट्रांसजेंडर होने के साथ ही पेशे से एक नर्स भी हैं। इन्होंने कभी  भी  दूसरों की सेवा करते वक्त  ये नहीं सोचा की लोग इनके बारे में क्या सोच रहे हैं। इन्हें किस नजर से देख रहे हैं। लेकिन खुद बीमार होने पर इन्हें ये जरुर सोचना पड़ता था, कि वो अपने इलाज के लिए किसके पास जाए। किसी डॉक्टर को दिखाएं भी या नहीं, क्योकि कई बार बीमार होने पर डॉक्टरों के पास से वापस जो आना पड़ता था।

लेकिन अब विजोया जैसी तमाम ट्रांसजेडर को बीमार होने के बाद सोचना नहीं पड़ेगा कि वो किस डॉक्टर से अपना इलाज करवाएं। कोलकाता में पहली बार ट्रांसजेंडर्स के लिए स्पेशल क्लीनिक ‘अंतर’ की शुरुआत हुई हैं। जहां वो आराम से अपना इलाज करवा सकते हैं। विजोया का कहना है कि कई बार हमें इलाज के दौरान भेदभाव का सामना करना पड़ता था।सरकार भी कोई ध्यान नहीं देती। सिर्फ दावे और वादे किये जाते हैं और बाद में उसे भुला दिया जाता हैं।

अमेरिकन सेंटर की निदेशक मोनिका का कहना है कि हम पिछले तीन सालों से  इस प्रोजेक्ट के लिए काम कर रहे हैं। जिससे ट्रांसजेंडर्स को अच्छी सेहत मिल सके। ये क्लिनिक यूएस कॉन्सुलेट और पीयरलेस हॉस्पिटल की संयुक्त परियोजना हैं।

वहीं ट्रांसजेंडर एक्टिविस्ट रंजीता का कहना है कि ये हमारी नजर में ऐतहासिक दिन है। समाज में हमारे साथ भेदभाव हर जगह किया जाता हैं। बीमार होने पर सोचना पड़ता था इलाज के लिए लेकिन अंतर क्लिनिक ने अब ये अंतर खत्म कर दिया। सरकार बस हर बार दावे और वादे करती हैं हमारे साथ और भूल जाती हैं। हर चीज के लिए सरकार से आस लगाना और वो आस पूरी ना होने पर मायूसी मिलना। अब ठीक नहीं लगता।

सरकार हर बार हर वर्ग को सिर्फ आश्वासन देती हैं और भूल जाती हैं। लेकिन कोलकाता में ट्रांसजेंडर्स समुदाय ने साबित कर दिया कि अगर आप कुछ करने की ठान ले तो कोई भी चीज छोटी नहीं होती।